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खर-पतवारों के नियंत्रण की यांत्रिक विधियां

1. हाथ से जुताई करना   

2.  खुदाई 

3.  कटाई 

 

• खर-पतवार नियंत्रण की पारंपरिक विधियां सफल  खर-पतवार प्रबंधन कार्यक्रम का एक अभिन्न हिस्सा होनी चाहिए, तथा इससे न केवल खर-पतवारों की वृद्धि में कमी आनी चाहिए, बल्कि यह चावल के बिचड़ों के जमने में और फ़सल की वृद्धि में भी मददगार साबित होनी चाहिए। 

• जमीन की तैयारी चावल की वृद्धि तथा विकास के लिए एक अनुकूल दशा प्रदान करती है, साथ ही यह रोपण के समय खर-पतवार से मुक्ति भी दिलाती है। सही तरीके से भूमि की तैयारी करने से उसके बाद होने वाले खर-पतवार के विकास में कमी आती है इससे और चावल के पौधे को स्थापित होने में मदद मिलती है व खर-पतवारों के उगने से पहले संसाधनों के उपयोग में दक्षता आती है।     

• मॉनसून से पूर्व शुष्क जुताई से बारहमासी खर-पतवारों के वर्धी अंगों के विनाश में मदद मिलती है, बशर्ते कि पौधे के वे अहम हिस्से धूल में हों और वे सूखे रहें। 

• गहरी

रासायनिक नियंत्रण: 1. 2,4-D Na 80 WP, 0.80 (kg a.i./ha), 20-25 DAT 2. बेंसल्फ्युरॉन-मीथाइल,60 DF (kg a.i./ha), 20-25 DAT 3. ट्राइसल्फ्युरॉन 20 WP, 0.006-0.009 (kg a.i./ha), 7-12 DAT 4. ईथॉक्सीसल्फ्युरॉन 15 WSG , 0.015 (kg a.i./ha), 15 DAS 5. ऐल्मिक्स 20 WP + सर्फेक्टेंट (0.2%), 0.004( kg a.i./ha), 20-25 DAS
1. यह कृषि तथा गैर-कृषि भूमि में, साथ ही उच्च भूमि के चावल के पौधों के बीच पाया जाता है। यह भारत के गर्म हिस्सों में पाया जाता है।
1. इसका प्रसार बीज द्वारा होता है।
1. एक वार्षिक, सीधा ग्रंथियुक्त प्युबेसेंट शाक, लगभग 30-90 सेमी ऊंचा। पत्तियां: 3-5 फोलिएट; पत्र सेसाइल ओवेट से ओबोवेट आकार के, पुष्प: लंबा वृंत युक्त, लंबे रेसीमे में पीले रंग के। 2. सेपल ओवेट, ऐक्यूट। पंखुड़ियां: 4, 10-12 मिमी लंबी, तना: 12 या अधिक। कैप्स्यूल 2-3, सेरिएट, ग्रंथियुक्त प्युबेसेंट, ऊपर की ओर संकरा, वर्तिका ग्लैबरस। 3. बीज छोटे भूरे या काले तथा दानेदार। ये वर्षा के मौसम में पुष्पित होते हैं।

वैज्ञानिक नाम : Cleome icosandra - क्लियोम आइकोसानड्रा

कुल - Capparidaceae.

जीवन रूप – वार्षिक

रासायनिक नियंत्रण: 1. 2,4-D Na 80 WP, 0.80 (kg a.i./ha), 20-25 DAT 2. बेंसल्फ्युरॉन-मीथाइल, 60 DF (kg a.i./ha), 20-25 DAT 3. ट्राइसल्फ्युरॉन 20 WP, 0.006-0.009 (kg a.i./ha), 7-12 DAT 4. ईथॉक्सीसल्फ्युरॉन 15 WSG , 0.015 (kg a.i./ha), 15 DAS 5. ऐल्मिक्स 20 WP + सर्फेक्टेंट (0.2%), 0.004( kg a.i./ha), 20-25 DAS
1. यह बीज द्वारा प्रसार करता है।
1. यह सड़क किनारे तथा कृषि वाली भूमि में तथा उच्च भूमि में उगने वाले चावल में पाया जाता है।
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